इवास वुडलैंड हायर सेकेंडरी स्कूल ने मनाई सिल्वर जुबली, 25 वर्षों की गौरवशाली यात्रा का हुआ भव्य उत्सव

इवास वुडलैंड हायर सेकेंडरी स्कूल ने मनाई सिल्वर जुबली, 25 वर्षों की गौरवशाली यात्रा का हुआ भव्य उत्सव
सरायपाली। अर्पित शिक्षा समिति द्वारा संचालित इवास वुडलैंड हायर सेकेंडरी स्कूल, सरायपाली ने अपनी स्थापना के 25 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में सिल्वर जुबली (रजत जयंती) समारोह का भव्य आयोजन किया। पूरे कार्यक्रम में उत्साह, गरिमा और भावनात्मक माहौल देखने को मिला। इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, शिक्षाविदों, पूर्व विद्यार्थियों, अभिभावकों तथा नगर के गणमान्य नागरिकों की बड़ी संख्या में उपस्थिति रही।
विद्यालय की स्थापना वर्ष 2001 में स्वर्गीय एन. मसीह (सेवानिवृत्त शिक्षक) एवं स्वर्गीय ई. एन. मसीह (सेवानिवृत्त शिक्षिका) के उस सपने को साकार करने के उद्देश्य से हुई थी, जिसमें सरायपाली एवं आसपास के ग्रामीण अंचलों के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण अंग्रेजी माध्यम शिक्षा उपलब्ध कराना शामिल था। महज 32 विद्यार्थियों और एक शिक्षक से शुरू हुई यह यात्रा आज शिक्षा के क्षेत्र में एक प्रेरणादायक संस्थान बन चुकी है।
5000 से अधिक विद्यार्थियों ने बनाई देशभर में पहचान
पिछले 25 वर्षों में विद्यालय से 5000 से अधिक विद्यार्थी शिक्षा प्राप्त कर देश के विभिन्न क्षेत्रों में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। इनमें डॉक्टर, इंजीनियर, आईटी प्रोफेशनल, ईडी अधिकारी, रक्षा सेवाओं के जवान, नेवी, एयरफोर्स, शिक्षक, सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता, मॉडल, फैशन डिजाइनर सहित अनेक प्रतिष्ठित पदों पर कार्यरत पूर्व छात्र-छात्राएं शामिल हैं।
विद्यालय की सबसे बड़ी उपलब्धियों में वर्ष 2023-24 की माध्यमिक शिक्षा मंडल, रायपुर की हायर सेकेंडरी परीक्षा में महक अग्रवाल द्वारा पूरे छत्तीसगढ़ में प्रथम स्थान प्राप्त कर विद्यालय एवं सरायपाली का नाम पूरे प्रदेश में गौरवान्वित करना रहा।
इन विशिष्ट अतिथियों की रही गरिमामयी उपस्थिति
समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में महासमुंद सांसद श्रीमती रूपकुमारी चौधरी, विशिष्ट अतिथि सरायपाली विधायक श्रीमती चातुरी नंद, अति विशिष्ट अतिथि एसडीओपी श्रीमती ललिता मेहर, बीईओ टीकमचंद पटेल, नगरपालिका अध्यक्ष प्रतिनिधि मीलू पटेल, पार्षद सविता जायसवाल, युवराज गोस्वामी, हेमंत प्रधान, सी.एल. पुहुप, संतलाल बारीक, विपिन उबोवेजा, संजय शर्मा, दीपांजली बारीक, कमल किशोर अग्रवाल, तेजराम पटेल, पूर्व शिक्षकगण एवं बड़ी संख्या में पूर्व छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
दीप प्रज्वलन से हुआ शुभारंभ, संस्थापकों को दी गई श्रद्धांजलि
कार्यक्रम का शुभारंभ विद्यालय के संस्थापकों के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। विद्यालय संचालक ए.के. मसीह एवं प्राचार्य श्रीमती एस. मसीह ने सभी अतिथियों का पुष्पगुच्छ एवं स्मृति-चिन्ह भेंट कर स्वागत किया।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समां
विद्यालय के विद्यार्थियों ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम, आकर्षक नृत्य, विद्यालय की 25 वर्षों की यात्रा पर आधारित एकांकी तथा भावपूर्ण प्रस्तुतियों से सभी का मन मोह लिया। साथ ही उन विद्यार्थियों को श्रद्धांजलि भी अर्पित की गई, जो अल्पायु में इस दुनिया को छोड़कर चले गए।
सांसद ने साझा कीं भावुक यादें
मुख्य अतिथि रूपकुमारी चौधरी ने विद्यालय परिवार को 25वीं वर्षगांठ की बधाई देते हुए कहा कि उनकी बेटी विजया चौधरी इस विद्यालय की पहली दसवीं बैच की छात्रा थीं। उनकी अन्य संतानें जया चौधरी और अविनाश चौधरी भी इसी विद्यालय से शिक्षा प्राप्त कर आगे बढ़े। उन्होंने बताया कि उनकी दोनों बेटियां आज सुप्रीम कोर्ट में अधिवक्ता के रूप में अपनी सेवाएं दे रही हैं। उन्होंने विद्यालय की उपलब्धियों की सराहना करते हुए पूरे आयोजन को भावुक और प्रेरणादायक बताया।

विधायक ने शिक्षा को बताया सफलता की कुंजी
विधायक श्रीमती चातुरी नंद ने विद्यालय परिवार को शुभकामनाएं देते हुए विद्यार्थियों को शिक्षा के प्रति समर्पित रहने का संदेश दिया। उन्होंने बच्चों की मनमोहक प्रस्तुतियों की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षा ही जीवन की सबसे बड़ी पूंजी है।
एसडीओपी ने दिया जागरूकता का संदेश
एसडीओपी श्रीमती ललिता मेहर ने विद्यार्थियों को अनुशासन, जागरूकता एवं संस्कारों का महत्व बताते हुए प्रसिद्ध संस्कृत श्लोक—
“काक चेष्टा, बको ध्यानं, श्वान निद्रा तथैव च।
अल्पाहारी गृहत्यागी, विद्यार्थी पंच लक्षणम्॥”
का उल्लेख किया और बताया कि प्रत्येक विद्यार्थी में ये पांच गुण होने चाहिए। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों को मोबाइल से जुड़े अपराधों से सतर्क रखने तथा सड़क सुरक्षा के प्रति विशेष जागरूक रहने की अपील की।
पूर्व विद्यार्थियों और शिक्षकों का हुआ सम्मान
एकेडमी हेड आमोस राजहंस ने विद्यालय की 25 वर्षों की उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। इस अवसर पर प्राचार्य श्रीमती एस. मसीह ने पूर्व विद्यार्थियों एवं विद्यालय से जुड़े पुराने स्टाफ का सम्मान कर उन्हें स्मृति-चिन्ह भेंट किए।
कार्यक्रम का संचालन ममता मिश्रा एवं परमेश्वर बारीक ने किया। अंत में प्राचार्य श्रीमती एस. मसीह ने सभी अतिथियों, पूर्व एवं वर्तमान विद्यार्थियों, अभिभावकों, शिक्षकों, कर्मचारियों तथा आयोजन को सफल बनाने में प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से सहयोग देने वाले सभी लोगों का आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम की जानकारी विद्यालय के मीडिया प्रभारी सुषीम सिंह द्वारा दी गई।



